नलकूप पर खेल रही 8 साल की बच्ची की करंट लगने से मौत, परिवार में मचा कोहराम
जैसलमेर के लाठी क्षेत्र में नलकूप परिसर में खेल रही 8 साल की नूरी बाई की 11 केवी हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से मौत हो गई। पुलिस ने मर्ग दर्ज कर जांच शुरू की।
राजस्थान के जैसलमेर जिले में रविवार को एक दर्दनाक हादसे में 8 साल की बच्ची की करंट लगने से मौत हो गई। घटना लाठी क्षेत्र की है, जहां नलकूप परिसर में खेल रही नूरी बाई अचानक 11 केवी हाईटेंशन बिजली लाइन की चपेट में आ गई। हादसे के बाद परिजन उसे तुरंत लाठी के राजकीय चिकित्सालय लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद बच्ची को मृत घोषित कर दिया।
बच्ची की मौत की खबर मिलते ही परिवार में मातम छा गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, हादसे के बाद ग्रामीणों ने क्षेत्र में गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइनों की सुरक्षा और रखरखाव को लेकर सवाल उठाए हैं।
नलकूप के पास खेल रही थी बच्ची, अचानक नीचे गिरी बिजली लाइन
जानकारी के अनुसार, नूरी बाई नलकूप परिसर में खेल रही थी। इसी दौरान वहां से गुजर रही 11 केवी हाईटेंशन बिजली लाइन अचानक नीचे गिर गई। बच्ची इसकी चपेट में आ गई और करंट लगने से गंभीर रूप से झुलस गई।
घटना अचानक होने के कारण आसपास मौजूद लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला। परिजन बच्ची को लेकर तत्काल अस्पताल पहुंचे, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा शव
हादसे की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले में आवश्यक कार्रवाई शुरू की। अस्पताल में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद बच्ची का शव परिजनों को सौंप दिया गया।
पुलिस ने मर्ग दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच में हादसे की परिस्थितियों और बिजली लाइन के नीचे गिरने के कारणों का पता लगाया जा रहा है।
हाईटेंशन लाइन की सुरक्षा पर ग्रामीणों ने उठाए सवाल
हादसे के बाद स्थानीय ग्रामीणों में बिजली लाइनों की सुरक्षा को लेकर नाराजगी दिखाई दी। ग्रामीणों ने क्षेत्र में गुजर रही हाईटेंशन लाइनों की जांच कराने और जहां भी लाइनें जर्जर या दुर्घटना की आशंका वाली स्थिति में हैं, वहां समय रहते मरम्मत कराने की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि नलकूप और उसके आसपास के खुले क्षेत्रों में लोगों की आवाजाही रहती है। ऐसे स्थानों से गुजर रही बिजली लाइनों का नियमित निरीक्षण और रखरखाव जरूरी है, ताकि भविष्य में इस तरह के हादसों को रोका जा सके।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। हादसे के वास्तविक कारणों और बिजली लाइन की स्थिति को लेकर जांच के बाद ही तस्वीर स्पष्ट होगी।

