राजस्थान विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान सियासी गर्मी, उप मुख्यमंत्री ने विपक्ष के सवालों का दिया जवाब
राजस्थान विधानसभा के प्रश्नकाल में निजी विश्वविद्यालयों में कथित अनियमितताओं को लेकर जमकर बहस हुई। विपक्ष के सवालों के बीच उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने कांग्रेस शासनकाल पर पलटवार करते हुए जांच और कार्रवाई का दावा किया, जिससे सदन में सियासी माहौल गर्मा गया।
जयपुर : राजस्थान विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान निजी विश्वविद्यालयों में कथित अनियमितताओं को लेकर सियासी माहौल गरमा गया, लेकिन विपक्ष की घेरेबंदी के बीच भी उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा विपक्ष के सवालों में नहीं फंसे।
सबसे पहले सत्तारूढ़ दल के विधायक कालीचरण सराफ ने सरकार को घेरते हुए कहा कि दो साल गुजर जाने के बाद भी निजी विश्वविद्यालयों के लिए नियामक आयोग का गठन नहीं हो पाया है।
इसके बाद नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और विधायक श्रवण कुमार ने भी सरकार से निजी विश्वविद्यालयों की जांच और कार्रवाई को लेकर सवाल उठाए।
जवाब में उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में एक भी विश्वविद्यालय की जांच नहीं हुई, जबकि वर्तमान सरकार ने जांच करवाई और कार्रवाई के लिए एसओजी को निर्देश भी दिए हैं।
उनके इस जवाब के बाद विपक्ष ने आगे घेरेबंदी नहीं की और मामला वहीं शांत हो गया।
प्रश्नकाल के दौरान हुई इस बहस को आगामी सत्रों में निजी विश्वविद्यालयों के नियमन और पारदर्शिता के मुद्दे पर सरकार और विपक्ष के बीच बड़े राजनीतिक मुद्दे के रूप में देखा जा रहा है।
Saloni Kushwaha 
