रौशन आनंद को मिली जमानत, भाई प्रिंस यादव की संदिग्ध मौत के बीच कोर्ट से बड़ी राहत
खान ग्लोबल स्टडीज हमले के मामले में जेल में बंद ज्ञान बिंदु कोचिंग के संचालक रौशन आनंद को पटना सिविल कोर्ट से जमानत मिल गई है। वहीं उनके भाई प्रिंस यादव की नेपाल में संदिग्ध मौत की जांच जारी है।
पटना के मुसल्लहपुर हाट स्थित खान ग्लोबल स्टडीज कोचिंग सेंटर पर हुए बवाल और हमले के मामले में जेल में बंद ज्ञान बिंदु कोचिंग के संचालक रौशन आनंद को बड़ी राहत मिली है। पटना सिविल कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी है। यह राहत ऐसे समय में मिली है, जब उनके छोटे भाई प्रिंस यादव की नेपाल के विराटनगर स्थित एक होटल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की खबर ने पूरे मामले को और चर्चाओं में ला दिया है।
रौशन आनंद पिछले 12 दिनों से बेउर जेल में बंद थे। कोर्ट से जमानत मिलने के बाद उनके जल्द जेल से बाहर आने का रास्ता साफ हो गया है। दूसरी ओर, प्रिंस यादव की मौत को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं और मामले ने राजनीतिक रंग भी लेना शुरू कर दिया है।
खान ग्लोबल स्टडीज पर हमले के बाद हुई थी गिरफ्तारी
गौरतलब है कि 2 जून को पटना के मुसल्लहपुर हाट स्थित खान ग्लोबल स्टडीज कोचिंग संस्थान में तोड़फोड़ और हमले का मामला सामने आया था। इस घटना में रौशन आनंद, उनके भाई प्रिंस यादव समेत कई लोगों को आरोपी बनाया गया था।
घटना के अगले दिन 3 जून को पुलिस ने रौशन आनंद और उनके दो सहयोगियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया था। तब से वह बेउर जेल में बंद थे। वहीं, इस मामले में खान सर उर्फ फैसल खान का नाम भी चर्चा में आया था। हालांकि अदालत ने उनकी गिरफ्तारी पर 20 जून तक रोक लगा रखी है।
नेपाल के होटल में मृत मिले प्रिंस यादव
इसी बीच रविवार को नेपाल के विराटनगर स्थित एक होटल से प्रिंस यादव की संदिग्ध मौत की खबर सामने आई। बताया जा रहा है कि वह काफी समय से फरार चल रहे थे और नेपाल में छिपे हुए थे। होटल के कमरे में उनका शव मिलने के बाद स्थानीय पुलिस ने जांच शुरू कर दी।
नेपाल पुलिस ने मामले में पांच लोगों को हिरासत में लिया है और मौत के कारणों की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, प्रिंस के चेहरे पर चोट के निशान पाए गए हैं, जिससे कई तरह की आशंकाएं पैदा हो गई हैं।
कमरे से मिली दवाइयां, मौत पर उठे सवाल
जांच के दौरान होटल के कमरे से मिर्गी की दवाइयां भी बरामद हुई हैं। इससे यह संभावना भी जताई जा रही है कि उनकी तबीयत बिगड़ने के कारण कोई अप्रिय घटना हुई हो। हालांकि पुलिस अभी हर पहलू की जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
प्रिंस यादव का अंतिम संस्कार सोमवार को सहरसा में किया जाएगा। सूत्रों के अनुसार, जमानत मिलने के बाद रौशन आनंद भी अपने भाई के अंतिम संस्कार में शामिल हो सकते हैं।
मौत पर शुरू हुई सियासत
प्रिंस यादव की मौत को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी शुरू हो गई है। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) नेता और लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव ने इस घटना को हत्या बताया है और निष्पक्ष जांच की मांग की है।
वहीं दूसरी ओर, खान सर ने इस घटना पर दुख जताते हुए कहा कि प्रिंस यादव पहले से ही स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रहे थे। उन्होंने साफ कहा कि किसी ने उनकी हत्या नहीं की है और लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की।

