राजस्थान में नशे का जाल, पंजाब से सबक कब लेगी सरकार ?
राजस्थान में एमडी ड्रग्स, डोडा पोस्त और चरस का कारोबार चिंता बढ़ा रहा है। क्या सरकार पंजाब से सबक लेकर नशे के नेटवर्क पर शिकंजा कस पाएगी? जानें ‘सीधी बात’ में।
राजस्थान में एमडी ड्रग्स, डोडा पोस्त, चरस और अन्य नशीले पदार्थों का अवैध कारोबार चिंता बढ़ा रहा है। स्कूल-कॉलेजों के आसपास नशे की उपलब्धता को लेकर उठ रहे सवाल युवाओं के भविष्य के लिए गंभीर चुनौती हैं। पुलिस और नारकोटिक्स एजेंसियों की छापेमारी व बड़ी बरामदगी के बावजूद तस्करी के नेटवर्क पर निर्णायक कार्रवाई की जरूरत है। पंजाब में नशे के खिलाफ चलाए गए अभियानों से सबक लेते हुए राजस्थान में तस्करों और सप्लाई चेन पर सख्ती, शिक्षण संस्थानों के आसपास निगरानी, जनसहभागिता और नशे के आदी लोगों के उपचार व पुनर्वास पर ध्यान देना जरूरी है। पीके टाइम्स के खास कार्यक्रम ‘सीधी बात’ में सवाल यही है कि क्या सरकार समय रहते नशे के कारोबार पर प्रभावी शिकंजा कसकर युवाओं का भविष्य बचा पाएगी?

