Volkswagen Sub-4 Meter SUV: काइलाक को टक्कर देने आ रही नई SUV, 1.0 TSI इंजन के साथ मिलेंगे ये फीचर्स
Volkswagen भारत में नई सब-4 मीटर कॉम्पैक्ट SUV लाने की तैयारी कर रही है। MQB-A0-IN प्लेटफॉर्म, 1.0L TSI इंजन और संभावित फीचर्स के साथ यह Nexon, Brezza और Venue को चुनौती दे सकती है।
भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार में सब-4 मीटर SUV सेगमेंट लगातार तेजी से बढ़ रहा है। टाटा नेक्सॉन, मारुति सुजुकी ब्रेजा और हुंडई वेन्यू जैसी गाड़ियों की इस सेगमेंट में मजबूत पकड़ है। अब जर्मन कार निर्माता फॉक्सवैगन भी इस मुकाबले में उतरने की तैयारी कर रही है। कंपनी भारत में एक नई कॉम्पैक्ट SUV पेश करने की दिशा में काम कर रही है, जिसका मुकाबला मौजूदा लोकप्रिय मॉडलों से होगा।
भारत के लिए तैयार होगी नई SUV
फॉक्सवैगन की इस नई SUV को भारतीय और यूरोपीय इंजीनियरिंग टीम मिलकर विकसित कर रही हैं। पोलो और एमियो के भारतीय बाजार से बाहर होने के बाद कंपनी की यह कॉम्पैक्ट कार सेगमेंट में एक अहम वापसी मानी जा रही है। उम्मीद है कि नया मॉडल कंपनी के पोर्टफोलियो को मजबूत करने के साथ बिक्री बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
खास बात यह है कि नई SUV को भारत में ही तैयार किया जाएगा। इससे इसकी कीमत को प्रतिस्पर्धी रखने में मदद मिल सकती है और कंपनी को भारतीय ग्राहकों की जरूरतों के मुताबिक इसे विकसित करने का फायदा मिलेगा।
काइलाक वाले प्लेटफॉर्म पर होगी आधारित
रिपोर्ट्स के मुताबिक, फॉक्सवैगन की नई सब-4 मीटर SUV को कंपनी के भारत-विशिष्ट MQB-A0-IN प्लेटफॉर्म पर तैयार किया जाएगा। इसी आर्किटेक्चर का इस्तेमाल स्कोडा काइलाक में भी किया गया है। भारत में इस प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल पहले से ही कई मॉडलों के लिए किया जा रहा है।
स्थानीय स्तर पर उत्पादन और ज्यादा लोकल कंटेंट के कारण कंपनी इस SUV को बाजार में आक्रामक कीमत के साथ उतार सकती है। कीमत प्रतिस्पर्धी रहने पर यह मॉडल टाटा, मारुति और हुंडई की लोकप्रिय SUV को कड़ी चुनौती दे सकता है।
1.0 लीटर TSI टर्बो इंजन का मिलेगा विकल्प
इंजन की बात करें तो नई फॉक्सवैगन SUV में 1.0-लीटर TSI टर्बो-पेट्रोल इंजन दिए जाने की उम्मीद है। यह इंजन फॉक्सवैगन के मौजूदा पोर्टफोलियो में भी इस्तेमाल किया जाता है और अपनी परफॉर्मेंस के लिए जाना जाता है।
इस इंजन के साथ मैनुअल और ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन का विकल्प मिल सकता है। वहीं, कंपनी के मौजूदा प्लान के अनुसार इसमें डीजल इंजन मिलने की संभावना नहीं है। भविष्य में बाजार की मांग को देखते हुए CNG विकल्प पर भी विचार किया जा सकता है।
डिजाइन में दिखेगा फॉक्सवैगन का अंदाज
प्लेटफॉर्म और पावरट्रेन के स्तर पर नई SUV का स्कोडा काइलाक से रिश्ता हो सकता है, लेकिन डिजाइन के मामले में फॉक्सवैगन इसे अलग पहचान देने की कोशिश करेगी। इसमें कंपनी की खास डिजाइन लैंग्वेज देखने को मिल सकती है।
SUV का एक्सटीरियर मस्कुलर और शार्प लुक के साथ आ सकता है। इसके डिजाइन में ब्राजील में पेश किए गए फॉक्सवैगन टेरा मॉडल से भी प्रेरणा मिलने की संभावना जताई जा रही है। वहीं, भारत में मौजूद टाइगुन से अलग पहचान बनाने के लिए कंपनी इसमें नए डिजाइन एलिमेंट्स जोड़ सकती है।
किन गाड़ियों से होगा मुकाबला?
भारतीय बाजार में आने के बाद फॉक्सवैगन की इस नई SUV का मुकाबला टाटा नेक्सॉन, मारुति सुजुकी ब्रेजा, हुंडई वेन्यू, किआ सोनेट और स्कोडा काइलाक जैसी गाड़ियों से होने की उम्मीद है। कंपनी के लिए सबसे बड़ी चुनौती इस प्रतिस्पर्धी सेगमेंट में कीमत, फीचर्स और परफॉर्मेंस के दम पर अपनी जगह बनाना होगी।
अगर फॉक्सवैगन नई SUV को आकर्षक डिजाइन, दमदार टर्बो इंजन और प्रतिस्पर्धी कीमत के साथ पेश करती है, तो यह भारतीय बाजार में कंपनी के लिए एक महत्वपूर्ण मॉडल साबित हो सकती है।

