प्रतापगढ़ में गरजे नेता प्रतिपक्ष, सरकार पर कुप्रबंधन के गंभीर आरोप

टीकाराम जूली ने प्रतापगढ़ दौरे में ‘मनरेगा बचाओ’ कार्यशाला के दौरान राज्य सरकार पर कुप्रबंधन, स्वास्थ्य सेवाओं की कमी और प्रशासनिक अव्यवस्था को लेकर तीखा हमला बोला।

प्रतापगढ़ में गरजे नेता प्रतिपक्ष, सरकार पर कुप्रबंधन के गंभीर आरोप

टीकाराम जूली शनिवार को प्रतापगढ़ दौरे पर पहुंचे, जहां उन्होंने धरियावद में संगठनात्मक बैठक के साथ-साथ पीजी कॉलेज ऑडिटोरियम में ‘मनरेगा बचाओ’ कार्यशाला को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला और कई गंभीर मुद्दे उठाए।

स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल

जूली ने आरोप लगाया कि सरकार के कुप्रबंधन के चलते गरीब और आदिवासी बच्चों की मौतें हो रही हैं। खासतौर पर धरियावद क्षेत्र में डॉक्टरों की भारी कमी को उन्होंने चिंताजनक बताया। उनका कहना था कि कुपोषण से जूझ रहे बच्चों को समय पर इलाज नहीं मिल रहा और हालात बेहद खराब हैं।

कोई मंत्री हाल जानने नहीं आया

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि इतनी गंभीर स्थिति के बावजूद न तो कोई मंत्री और न ही सत्तारूढ़ दल का कोई प्रतिनिधि हालात का जायजा लेने पहुंचा है। उन्होंने सरकार पर संवेदनहीनता का आरोप लगाते हुए कहा कि जनता की उम्मीदों पर खरा उतरने में सरकार विफल रही है।

प्रशासनिक व्यवस्था पर भी निशाना

जूली ने तंज कसते हुए कहा कि प्रदेश में कोई किसी की नहीं सुन रहा—कार्यकर्ता की विधायक नहीं सुन रहे, विधायक की मंत्री नहीं सुन रहे और मंत्री की मुख्यमंत्री नहीं सुन रहे। उनके अनुसार, प्रशासनिक व्यवस्था पूरी तरह अधिकारियों के भरोसे चल रही है।

मनरेगा को लेकर आरोप

मनरेगा को लेकर भी उन्होंने सरकार को घेरा। जूली का कहना है कि यह योजना गरीबों के लिए जीवनरेखा थी, लेकिन मौजूदा सरकार ने इसके कार्यों में कटौती कर दी है और मजदूरों को समय पर भुगतान नहीं मिल रहा।

केंद्र सरकार पर भी साधा निशाना

पश्चिम बंगाल चुनाव का जिक्र करते हुए उन्होंने केंद्र सरकार पर संवैधानिक संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उनका कहना था कि चुनावों में संस्थाओं का इस्तेमाल राजनीतिक फायदे के लिए किया जा रहा है, जिससे लोकतंत्र कमजोर हो रहा